उत्तर प्रदेश के नोएडा में साल 2017-18 में 10 हजार करोड़ रुपये का बाइक बोट घोटाला हुआ था । जिसमें वर्ष 2020 में नोएडा जिला न्यायालय के आदेश पर दादरी पुलिस स्टेशन 58 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज हुआ था। इस शिकायत में भरतपुर से नदबई विधानसभा से कांग्रेस विधायक जोगेंद्र सिंह अवाना का भी नाम शामिल है। हालांकि, अभी इसकी जांच चल रही है और जांच के बाद गिरफ्तारी होगी या अन्य क्या चीज होगी वह देखने वाली बात होगी। बाइक बोट घोटाले के मुख्य आरोपी संजय गुर्जर को अटल बंद थाना पुलिस ने शिकायत दर्ज होने के बाद गिरफ्तार किया है। यह आरोपी उत्तर प्रदेश के गौतम बुद्ध नगर का रहने वाला है।
कौन है संजय गुर्जर
दरअसल संजय गुर्जर ने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर बाइक बोट के नाम से कंपनी खोली थी। जिसमें काफी लोग कंपनी के चेयरमैन थे। इन्होंने उत्तर प्रदेश,राजस्थान सहित कई राज्य के लोगों को अपने झांसे में ले लिया था। संजय गुर्जर काफी समय से फरार चल रहा था जिसे आज पुलिस ने गिरफ्तार किया है। महज भरतपुर जिले से ही सैकड़ों लोगों ने इसके खिलाफ धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई थी।
क्या था बाइक बोट घोटाला
दरअसल बाइक बोट कंपनी ने लोगों को झांसे में लिया था कि यदि आप नई बाइक खरीद कर कंपनी को देंगे तो उसके बदले आपको 1 साल में दोगुनी रकम मिलेगी। इन बाइकों का उपयोग यह कंपनी टैक्सी के रूप में करती थी। इस तरह से जब हजारों लोगों ने अपनी बाइक इस कंपनी को दे दी तो उसके बाद यह कंपनी सभी बाइकों का घोटाला कर फरार हो गयी थी। उधर सभी हजारों लोगों ने अलग-अलग थानों में इस कंपनी के सदस्यों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी।
हालांकि, अभी तक लोगों का रुपया इस कंपनी के द्वारा वापस नहीं दिया गया है । बताया जा रहा है कि इन ठगों पर रसूखदार लोगों का हाथ है और वह सम्मिलित भी हैं । अटल बंद थाना प्रभारी राजेंद्र शर्मा के मुताबिक बाइक वोट घोटाले का मुख्य आरोपी संजय गुर्जर फरार चल रहा था। इसके खिलाफ 23 लाख रूपए हड़पने का आरोप था । फिलहाल यह भी जांच की जा रही है कि गिरफ्तार संजय गुर्जर कांग्रेस विधायक जोगेंद्र सिंह अवाना का रिश्तेदार है या नहीं।







